शामली, जेएनएन। कस्बा निवासी महान साहित्यकार गांधीवादी विचारक व स्वतंत्रता सेनानी धर्मपाल का 100 जन्मदिन पर शताब्दी समारोह मनाया गया। स्वतंत्रता सेनानी धर्मपाल की याद में पुस्तकालय का उद्घाटन किया गया।

कस्बे के श्री चंदनलाल नेशनल इंटर कालेज में शुक्रवार को कस्बा निवासी सुप्रसिद्ध महान साहित्यकार गांधीवादी विचारक एवं स्वतंत्रता सेनानी धर्मपाल 100 वे जन्मदिन पर शताब्दी समारोह मनाया गया। मुख्य अतिथि बागपत के सांसद डा. सत्यपाल सिंह, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग भारत सरकार के पूर्व चेयरमैन यशवीर सिंह, कुलाधिपति गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डा. महेश शर्मा, चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ के कुलपति डाक्टर एनके तनेजा, पूर्व डीजीपी आरएन सिंह, पूर्व एमएलसी चौधरी वीरेंद्र सिंह और मृगांका सिंह ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। डा. सत्यपाल सिंह ने कहा कि धर्मपाल अपने उम्दा लेखन व गांधीवादी चितन के बावजूद भी राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति नहीं पा सके, इसके वह वास्तविक हकदार थे। धर्मपाल का साहित्य भारत के प्राचीन वैभव तथा वर्तमान की चुनौतियों से निपटने की राह दिखाता है। पदमश्री डाक्टर महेश शर्मा ने कहा कि कांधला के एक बड़े सपूत को आजाद करने का ऐतिहासिक दिन है। आज तक अपने कस्बे के लोगों के लिए अनसुना था। पूर्व डीजीपी आरएन सिंह ने कहा कि धर्मपाल का साहित्य तथा गांधी वादी चितन समाज का मार्गदर्शन कर सकता है। इसलिए धर्मपाल को पढ़ना और जानना वर्तमान समाज के लिए गांधी के विचार और भारतीय दर्शन को आत्मसात करना है। अध्यक्षता चौधरी वीरेंद्र सिंह व संचालन अंशिका राज व राजेंद्र चौहान ने किया। गीता धर्मपाल, नरेश सैनी, राजीव जैन, पवन कंसल, अरविद कंसल, दिनेश चंद गुप्ता, पूर्व ब्लाक प्रमुख विनोद मलिक, पूर्व ब्लाक प्रमुख सतबीर सिंह मलिक, राजीव शर्मा आदि मौजूद रहे।